
दंतेवाड़ा@ बीते दिनों २५जुलाई को गीदम हारम स्थित पट्रोल पंप के पीछे नाले में मिले अज्ञात शव जिस पर चोट के निशान थे गीदम पुलिस ने इस अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझा ली. मृतक की प्रेमिका ही कत्ल की मास्टरमाइंड निकली. आरोपी प्रेमिका का नाबालिक पुत्र और पड़ोसी ने भी हत्त्या और शव छिपाने थे शामिल
दरअसल मृतक के पास से एक बैग पुलिस के हाथ लगा जिस पर आधारकार्ड भी बरामद हुआ आधारकार्ड पर सुखमती नाग बारसूर लिखा हुआ था.इसी क्लू की मदद से गीदम पुलिस ने पूरी हत्या की गुत्थी सुलझा दी
सुखमती नाग से पूछताछ में पता चला कि मृतक नेलसनार निवासी 23 वर्षीय सतीश नाग है। जिसका प्रेम संबंध बारसूर की सुखमती नाग से चोरी छिपे चल रहा था। जबकि सुखमती नाग पहले से ही विवाहिता थी.
गीदम पुलिस ने अपनी पड़ताल से खुलासा करते हुए बताया कि 24 जुलाई की शाम को मृतक सतीश सुखमती नाग से मिलने बारसूर पहुँचा हुआ था। जहाँ दोनों को हमबिस्तर मृतक सतीश की प्रेमिका के नाबालिग लड़के ने आप्प्तिजनक हालात में देख लिया। नाबालिक बेटे ने लोहे की रॉड से मृतक के सर पर हमला कर दिया। उसी दौरान सुखमती नाग ने अपने गुनाहों में पर्दा डालने के लिए अपनी औलाद के सामने अपने आपको बेगुनाह साबित बताने की नियत से पास ही रखी टँगीया से सतीश के सर पर जोरदार हमला कर दिया। घटना स्थल पर ही सतीश की मौत हो गयी।
पड़ोसी मदद से लाश लगा दी ठिकाने: घटना के बाद सुखमती नाग ने अपने पड़ोसी बृजपाल सिंह की मदद से मृतक की लाश बाइक से गीदम नाले में लाकर फेंक दी। सतीश की लाश ठिकाने लगाने के काम मे मदद के बदले पड़ोसी ने सुखमती नाग से बाइक और मोबाइल अपने रखने की शर्त भी रखी थी. जिसके
बाद पूरे प्लान को अंजाम दिया गया।
इस गुथ्थी को सुलझाने में गीदम टीआई जयसिंह खूंटे और स्टाफ ने अहम भूमिका निभाई। हत्या में प्रयुक्त हथियार सहित तीनो की गिरफ्तारी कर न्ययालय भेजकर जेल दाखिल की तैयारी कर रही है पुलिस। इससे पूर्व में भी सुखमती नाग और उसका नाबालिग बेटा चोरी के मामले में हवालात की हवा खा चुके हैं।
